Vedon main Gau ka Mahatva aur uski Prasangikta

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Janendra Kumar Diwan

Abstract

प्राचीन काल से अभी तक देश और दुनियां के लोग गौ नामक इस प्राणी का सदैव ऋणि रहा है । इसका कारण उसका किसी धर्म विशेष से जुडाव के कारण नहीं अपितु उसका सामाजिक, आर्थिक और वैज्ञानिक महत्व है। आज विश्व में पर्यावरण प्रदूषण, भूमि का अनुपजाउपन तथा कुपोषण और भूखमरी जैसी अनेक समस्यायंे मुंह खोले खडी हैं उसके लिये एक समाधान यह गौ नामक प्राणी ही है। गायों की महिमा का जितना वर्णन हमारे वेद-शास्त्रों में किया गया है उससे प्रतीत होता है कि गाय का स्थान उस समय क्या रहा होगा । गौ के सभी उत्पाद दूध से लेकर गोबर ,गोमूत्र तक सभी मानव और धरती के लिये अत्यन्त उपयोगी है।

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Vedon main Gau ka Mahatva aur uski Prasangikta. (2021). Haridra Journal, 2(7), 8-13. https://doi.org/10.54903/haridra.v2i07.7764

References

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